भारत ने योगासन को वैश्विक खेल के रूप में स्थापित करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। मंगलवार को नई दिल्ली में केंद्रीय खेल मंत्री मनसुख मांडविया ने World Yogasana Championship 2026 के पहले संस्करण का आधिकारिक लॉन्च किया।
इस अवसर पर महासंघ के कई वरिष्ठ पदाधिकारी भी मौजूद रहे। कार्यक्रम के दौरान योगासन को आधुनिक प्रतिस्पर्धात्मक खेल के रूप में प्रस्तुत करने पर जोर दिया गया।
अहमदाबाद में जुटेंगे 60 देशों के खिलाड़ी
पहली World Yogasana Championship 2026 का आयोजन 4 से 8 जून 2026 तक अहमदाबाद के एका एरिना में होगा।
इस अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में जापान, नेपाल, श्रीलंका, केन्या, युगांडा, ओमान, मॉरीशस और नीदरलैंड्स समेत 60 से अधिक देशों के खिलाड़ी हिस्सा लेंगे। इसके अलावा, कई विदेशी प्रतिनिधिमंडल भी इस आयोजन का हिस्सा बनेंगे।
योगासन को ओलंपिक पहचान दिलाने की तैयारी
भारत सरकार लंबे समय से योगासन को वैश्विक प्रतिस्पर्धात्मक खेल बनाने की दिशा में काम कर रही है। ऐसे में World Yogasana Championship 2026 को बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
यह आयोजन न केवल योगासन को नई पहचान देगा, बल्कि ओलंपिक मान्यता की दिशा में भी मजबूत पहल साबित हो सकता है। वहीं, इससे भारत की सांस्कृतिक ताकत को भी अंतरराष्ट्रीय मंच पर मजबूती मिलेगी।
लॉन्च हुआ ‘वीर’ मैस्कॉट और आधिकारिक जर्सी
कार्यक्रम के दौरान World Yogasana Championship 2026 का लोगो, ट्रॉफी, आधिकारिक जर्सी और ‘वीर’ नामक शेर मैस्कॉट लॉन्च किया गया।
ये सभी प्रतीक योगासन को आधुनिक और पेशेवर खेल के रूप में प्रस्तुत करने के उद्देश्य से डिजाइन किए गए हैं। आयोजन को खेल मंत्रालय, आयुष मंत्रालय, SAI और गुजरात सरकार का सहयोग प्राप्त है।
मांडविया बोले- योग भारत की वैश्विक पहचान
केंद्रीय मंत्री मनसुख मांडविया ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत ने दुनिया को योग का अमूल्य उपहार दिया है। अब World Yogasana Championship 2026 के जरिए भारत योगासन को वैश्विक प्रतिस्पर्धात्मक खेल बनाने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।
उन्होंने कहा कि यह चैंपियनशिप युवाओं, संस्कृति और भारत की खेल क्षमता को नई पहचान देगी। साथ ही इससे योगासन स्पोर्ट्स इकोनॉमी को भी मजबूती मिलेगी।

