रायपुर में आयोजित ‘आजादी की धुन’ कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने विकसित छत्तीसगढ़ संकल्प को दोहराते हुए युवाओं को राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भागीदारी का संदेश दिया। स्वतंत्रता दिवस से पहले आयोजित इस सांस्कृतिक कार्यक्रम में 100 युवा कलाकारों की लाइव बैंड प्रस्तुति ने देशभक्ति का अनूठा वातावरण बनाया। समारोह में इतिहास, संस्कृति और विकास का संदेश एक साथ देखने को मिला।
विकसित छत्तीसगढ़ संकल्प के लिए युवाओं की भूमिका अहम
मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वतंत्रता केवल अधिकारों का प्रतीक नहीं है। इसके साथ राष्ट्र और समाज के प्रति जिम्मेदारियों का निर्वहन भी आवश्यक है। उन्होंने कहा कि विकसित छत्तीसगढ़ संकल्प तभी साकार होगा, जब युवा अपनी प्रतिभा, ऊर्जा और नवाचार के साथ आगे आएंगे।
उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वर्ष 2047 तक विकसित भारत का लक्ष्य रखा है। छत्तीसगढ़ सरकार भी इसी दिशा में निरंतर कार्य कर रही है। सरकार का उद्देश्य विकास की रोशनी हर गांव, हर परिवार और हर नागरिक तक पहुंचाना है।
मुख्य अपडेट
- रायपुर में ‘आजादी की धुन’ कार्यक्रम आयोजित हुआ।
- मुख्यमंत्री विष्णु देव साय मुख्य अतिथि रहे।
- 100 युवा कलाकारों ने सामूहिक लाइव बैंड प्रस्तुति दी।
- स्वतंत्रता सेनानियों के योगदान को याद किया गया।
- विकसित भारत और विकसित छत्तीसगढ़ के लक्ष्य पर जोर दिया गया।
विकसित छत्तीसगढ़ संकल्प को मजबूत करेगा सांस्कृतिक जुड़ाव
मुख्यमंत्री ने कहा कि विकसित छत्तीसगढ़ संकल्प केवल सरकारी योजना नहीं है। यह समाज की सामूहिक भागीदारी से ही सफल होगा। उन्होंने कहा कि ‘आजादी की धुन’ जैसे आयोजन युवाओं को स्वतंत्रता संग्राम के मूल्यों से जोड़ते हैं और राष्ट्र के प्रति जिम्मेदारी का भाव मजबूत करते हैं।
उन्होंने महात्मा गांधी, नेताजी सुभाष चंद्र बोस, सरदार वल्लभभाई पटेल और डॉ. भीमराव अंबेडकर सहित अनेक महान नेताओं का स्मरण किया। साथ ही छत्तीसगढ़ के वीर नारायण सिंह और जननायक वीर गुण्डाधुर के बलिदान को भी प्रेरणादायक बताया।
मुख्यमंत्री ने संस्कृति विभाग की पहल की सराहना करते हुए कहा कि संगीत समाज को जोड़ने और राष्ट्रीय एकता को मजबूत करने का प्रभावी माध्यम है। इसलिए ऐसे आयोजनों का विस्तार भविष्य में भी होना चाहिए।
एक नजर में
- कार्यक्रम पंडित दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम में आयोजित हुआ।
- देशभक्ति गीतों ने पूरे सभागार को राष्ट्रप्रेम से भर दिया।
- कलाकारों और युवाओं की भागीदारी विशेष आकर्षण रही।
- हरेली पर्व और स्वतंत्रता दिवस की अग्रिम शुभकामनाएं दी गईं।
- कई जनप्रतिनिधि और सांस्कृतिक क्षेत्र की प्रमुख हस्तियां मौजूद रहीं।


