टीवी का लोकप्रिय क्राइम शो ‘सीआईडी’ आज भी दर्शकों के बीच खास पहचान रखता है। सीआईडी बंद होने को लेकर दयानंद शेट्टी ने अब कई अहम खुलासे किए हैं। उन्होंने शो के अचानक ऑफ एयर होने के पीछे आंतरिक राजनीति को वजह बताया। दयानंद ने यह जानकारी सिद्धार्थ कन्नन के साथ बातचीत में साझा की।
‘सीआईडी’ का प्रसारण वर्ष 1998 में शुरू हुआ था। शो ने करीब दो दशक तक दर्शकों का मनोरंजन किया। वर्ष 2018 में इसका मूल प्रसारण समाप्त हो गया। हालांकि, इसकी लोकप्रियता समय के साथ कम नहीं हुई। वर्ष 2024 में शो ने नए सीजन के साथ फिर वापसी की।
शो बंद होने के पीछे क्या था विवाद?
दयानंद शेट्टी के अनुसार, शो को लेकर मतभेद वर्ष 2016 के आसपास शुरू हुए थे। उनके मुताबिक, चैनल शो के निर्माताओं को बदलना चाहता था। कलाकार इस बदलाव के पक्ष में नहीं थे।
उन्होंने बताया कि कलाकार लंबे समय से उसी प्रोडक्शन टीम के साथ जुड़े थे। इसलिए उनके लिए निर्माताओं के साथ पुराना रिश्ता महत्वपूर्ण था। दयानंद ने कहा कि चैनल, निर्माताओं और कलाकारों के बीच मतभेद बढ़ते गए।
अभिनेता के अनुसार, इसी घटनाक्रम ने आगे शो के बंद होने की स्थिति बनाई। हालांकि, यह उनका व्यक्तिगत अनुभव और दावा है। इसे शो के आधिकारिक बंद होने का एकमात्र कारण नहीं माना जाना चाहिए।
सीआईडी बंद होने पर सामने आया कॉन्ट्रैक्ट विवाद
दयानंद ने बातचीत में कलाकारों के अनुबंध से जुड़ी जानकारी भी साझा की। उन्होंने बताया कि लंबे समय तक कलाकारों ने औपचारिक कॉन्ट्रैक्ट साइन नहीं किया था।
उनके अनुसार, कलाकारों और निर्माताओं के बीच कामकाज भरोसे और मौखिक सहमति पर चलता रहा। जब चैनल ने वर्ष 2016 में कलाकारों के कॉन्ट्रैक्ट से जुड़े दस्तावेज मांगे, तब यह स्थिति सामने आई।
दयानंद के मुताबिक, चैनल और कलाकारों के बीच इस मामले को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं थी। यही विवाद आगे चलकर शो की पूरी व्यवस्था को प्रभावित करने लगा।
लता मंगेशकर ने शो के लिए जताई थी नाराजगी
दयानंद शेट्टी ने दिवंगत गायिका लता मंगेशकर से जुड़ा एक खास किस्सा भी बताया। उनके अनुसार, लता मंगेशकर ‘सीआईडी’ की बड़ी प्रशंसक थीं।
अभिनेता ने बताया कि शो बंद होने के बाद लता मंगेशकर ने इसका विरोध किया था। उन्होंने कथित तौर पर चैनल से संपर्क करके शो बंद करने पर सवाल उठाए थे।
दयानंद ने कहा कि लता मंगेशकर कलाकारों के लिए बड़ी समर्थक थीं। उनके इस खुलासे के बाद शो और गायिका के बीच जुड़ा यह पुराना किस्सा चर्चा में आ गया है।
दर्शकों की मांग पर फिर लौटा ‘सीआईडी’
‘सीआईडी’ की लोकप्रियता का अंदाजा इसकी वापसी से लगाया जा सकता है। मूल शो 2018 में बंद हुआ था। इसके बाद दर्शकों ने लगातार इसकी वापसी की मांग की।
वर्ष 2024 में नए सीजन के साथ शो दोबारा टेलीविजन पर आया। इसमें दयानंद शेट्टी ने इंस्पेक्टर दया की भूमिका निभाई। शिवाजी साटम और आदित्य श्रीवास्तव भी अपने लोकप्रिय किरदारों में नजर आए।
शो से जुड़ी अहम बातें
- ‘सीआईडी’ का पहला प्रसारण वर्ष 1998 में हुआ था।
- मूल शो का प्रसारण वर्ष 2018 में समाप्त हुआ।
- दयानंद शेट्टी ने इंस्पेक्टर दया की भूमिका निभाई।
- शिवाजी साटम ने एसीपी प्रद्युमन का किरदार निभाया।
- आदित्य श्रीवास्तव शो में अभिजीत की भूमिका में रहे।
- नए सीजन के साथ शो ने 2024 में वापसी की।
विवाद से जुड़े प्रमुख बिंदु
- दयानंद ने आंतरिक राजनीति को बड़ी वजह बताया।
- चैनल निर्माताओं में बदलाव करना चाहता था।
- कलाकार इस बदलाव से सहमत नहीं थे।
- अनुबंधों को लेकर भी स्थिति सामने आई थी।
- लता मंगेशकर ने शो के बंद होने पर आपत्ति जताई थी।
- दर्शकों ने शो की वापसी की लगातार मांग की थी।
दयानंद शेट्टी के खुलासे ने पुराने शो के बंद होने की कहानी फिर सामने ला दी है। सीआईडी बंद होने के पीछे बताए गए कारणों ने दर्शकों की दिलचस्पी बढ़ा दी है। हालांकि, शो की लोकप्रियता आज भी कायम है। पुराने किरदारों की वापसी ने इस लोकप्रिय क्राइम सीरीज को नई पीढ़ी तक पहुंचाया है।
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