जिम्बाब्वे के विकेटकीपर बल्लेबाज ब्रेंडन टेलर ने इतिहास रच दिया। ब्रेंडन टेलर रिकॉर्ड ने उन्हें वनडे क्रिकेट में खास मुकाम दिलाया।
टेलर ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ हरारे में पहला वनडे खेलने उतरे। इसके साथ उनका वनडे करियर 22 साल चार महीने का हो गया।
उन्होंने सचिन तेंदुलकर के 22 साल तीन महीने के करियर को पीछे छोड़ा। इस तरह टेलर सबसे लंबे वनडे करियर वाले खिलाड़ी बन गए।
22 साल से ज्यादा लंबा रहा वनडे सफर
ब्रेंडन टेलर ने 2004 में जिम्बाब्वे के लिए वनडे डेब्यू किया था। उन्होंने लंबे समय तक टीम की बल्लेबाजी को मजबूती दी।
टेलर ने अब तक 207 वनडे मुकाबले खेले हैं। उनके नाम 6,704 रन दर्ज हैं। उन्होंने 11 शतक और 39 अर्धशतक भी लगाए हैं।
वनडे में उनका सर्वश्रेष्ठ स्कोर 145 रन रहा है। जिम्बाब्वे के लिए उनका प्रदर्शन काफी प्रभावशाली रहा है।
तेंदुलकर के बड़े रिकॉर्ड अब भी कायम
सचिन तेंदुलकर ने 2012 में वनडे क्रिकेट से संन्यास लिया था। उन्होंने अपने करियर में 463 वनडे मुकाबले खेले।
तेंदुलकर के नाम 18,426 वनडे रन दर्ज हैं। वह इस प्रारूप में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज हैं।
इसके अलावा, सबसे ज्यादा वनडे मैच खेलने का रिकॉर्ड भी उनके नाम है। इसलिए टेलर ने केवल करियर अवधि का रिकॉर्ड पीछे छोड़ा है।
दोनों खिलाड़ियों के वनडे आंकड़े:
- ब्रेंडन टेलर ने 207 वनडे मैच खेले हैं।
- टेलर के नाम 6,704 वनडे रन हैं।
- उन्होंने 11 शतक और 39 अर्धशतक लगाए हैं।
- तेंदुलकर ने 463 वनडे मुकाबले खेले हैं।
- तेंदुलकर के नाम 18,426 वनडे रन हैं।
संन्यास के बाद दोबारा मैदान पर लौटे टेलर
ब्रेंडन टेलर ने 2021 में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास लिया था। इसके बाद उनके करियर में बड़ा मोड़ आया।
2022 में आईसीसी ने उन पर साढ़े तीन साल का प्रतिबंध लगाया था। यह प्रतिबंध एंटी-करप्शन और एंटी-डोपिंग नियमों से जुड़ा था।
प्रतिबंध पूरा करने के बाद टेलर 2025 में क्रिकेट में लौटे। इसके बाद उन्होंने जिम्बाब्वे के लिए फिर से खेलना शुरू किया।
जिम्बाब्वे क्रिकेट में टेलर की बड़ी भूमिका
टेलर 2004 के बाद जिम्बाब्वे के प्रमुख बल्लेबाजों में शामिल हुए। उन्होंने टीम के लिए कई महत्वपूर्ण पारियां खेलीं।
वह जिम्बाब्वे के लिए वनडे में सबसे ज्यादा शतक लगाने वाले बल्लेबाज हैं। उनका अनुभव टीम के लिए हमेशा महत्वपूर्ण रहा है।
टेलर के करियर की खास उपलब्धियां:
- 2004 में वनडे क्रिकेट में पदार्पण किया।
- जिम्बाब्वे के लिए 11 वनडे शतक लगाए।
- 2021 में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास लिया।
- 2025 में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में वापसी की।
- 2026 में सबसे लंबे वनडे करियर का रिकॉर्ड बनाया।
ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मुकाबला बना खास
ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ हरारे में उतरना टेलर के लिए यादगार रहा। मैदान पर कदम रखते ही उन्होंने नया रिकॉर्ड अपने नाम किया।
ब्रेंडन टेलर रिकॉर्ड अब वनडे क्रिकेट के सबसे लंबे करियर से जुड़ गया है। यह उपलब्धि उनके लंबे अंतरराष्ट्रीय सफर को दर्शाती है।
हालांकि, सचिन तेंदुलकर के कई बड़े वनडे रिकॉर्ड अब भी सुरक्षित हैं। टेलर की उपलब्धि उनके करियर की एक खास पहचान बन गई है।
लंबे अनुभव ने बनाई अलग पहचान
टेलर ने अलग-अलग दौर के खिलाड़ियों के साथ क्रिकेट खेला है। उन्होंने जिम्बाब्वे क्रिकेट में लंबे समय तक अपनी जगह बनाए रखी।
उनकी वापसी ने भी क्रिकेट प्रशंसकों का ध्यान खींचा। अब ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सीरीज में उनका अनुभव टीम के काम आ सकता है।
कुल मिलाकर, ब्रेंडन टेलर रिकॉर्ड ने उनके लंबे वनडे सफर को ऐतिहासिक बना दिया। तेंदुलकर के करियर की अवधि को पीछे छोड़ना बड़ी उपलब्धि है।

