छत्तीसगढ़ में भर्ती प्रक्रिया पर मुख्यमंत्री साय सख्त, निष्पक्षता और पारदर्शिता को बताया सरकार की प्राथमिकता

भर्ती परीक्षाओं को लेकर मुख्यमंत्री साय का बड़ा संदेश, गड़बड़ी पर नहीं चलेगी कोई ढिलाई

CG DARSHAN
CG DARSHAN 2 Min Read
2 Min Read
Advertisement Carousel

छत्तीसगढ़ में चल रही विभिन्न विभागीय भर्ती परीक्षाओं को निष्पक्ष, पारदर्शी और समयबद्ध ढंग से संपन्न कराने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने मंत्रालय महानदी भवन में वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की। बैठक में चयन प्रक्रियाओं की मौजूदा स्थिति का आकलन किया गया और उन्हें और अधिक सुदृढ़ बनाने पर विस्तृत चर्चा हुई।

मुख्यमंत्री साय ने स्पष्ट कहा कि प्रदेश के लाखों युवा मेहनत और विश्वास के साथ प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करते हैं। ऐसे में शासन की जिम्मेदारी है कि हर अभ्यर्थी को निष्पक्ष और भरोसेमंद परीक्षा प्रणाली मिले। उन्होंने निर्देश दिए कि भर्ती प्रक्रिया के किसी भी चरण में लापरवाही, देरी या अनियमितता को बिल्कुल बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार भर्ती व्यवस्था में सुधार को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है, ताकि चयन प्रक्रिया सरल, न्यायसंगत और समय पर पूरी हो सके। बैठक में पुलिस बल सहित विभिन्न विभागों में जारी भर्तियों की प्रगति की समीक्षा की गई और चयन प्रणाली को और प्रभावी बनाने के निर्देश दिए गए।

इस दौरान यह मुद्दा भी सामने आया कि समान शैक्षणिक योग्यता वाले पदों के लिए अलग-अलग विभागों द्वारा अलग-अलग परीक्षाएं आयोजित की जाती हैं। मुख्यमंत्री ने ऐसे पदों के लिए संयुक्त भर्ती परीक्षा की संभावना पर विचार करने को कहा, जिससे अभ्यर्थियों को बार-बार परीक्षा देने की परेशानी न हो और संसाधनों की भी बचत हो सके।

साथ ही लोक सेवा आयोग की परीक्षा प्रणाली को आधुनिक तकनीक से जोड़ने, उसे अधिक पारदर्शी और अभ्यर्थी हितैषी बनाने पर भी सहमति बनी। प्रतियोगी परीक्षाओं के पाठ्यक्रम को वर्तमान समय की जरूरतों और समसामयिक विषयों के अनुरूप अपडेट करने पर भी जोर दिया गया।

बैठक में मुख्य सचिव विकास शील, अपर मुख्य सचिव रेणु जी. पिल्लै, मनोज कुमार पिंगुआ, पुलिस महानिदेशक अरुण देव गौतम, प्रमुख सचिव सुबोध कुमार सिंह, अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक विवेकानंद सिन्हा तथा सामान्य प्रशासन विभाग के सचिव अविनाश चंपावत सहित अनेक वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

Share This Article
Leave a comment