नारी शक्ति वंदन अधिनियम पर 16 अप्रैल चर्चा हेतु सीएम साय का संस्थागत आह्वान

CG DARSHAN
CG DARSHAN 2 Min Read
2 Min Read
Advertisement Carousel

नारी शक्ति वंदन अधिनियम के प्रभावी क्रियान्वयन के संदर्भ में छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय द्वारा राज्य के सांसदों, विधायकों एवं महिला संगठनों को औपचारिक पत्र जारी किया गया है। पत्र में 16 अप्रैल 2026 को संसद में प्रस्तावित चर्चा को महत्वपूर्ण विधायी प्रक्रिया के रूप में रेखांकित किया गया है।

मुख्यमंत्री ने वर्ष 2023 में अधिनियम के सर्वसम्मति से पारित होने का उल्लेख करते हुए इसे महिला सशक्तीकरण के प्रति राष्ट्रीय प्रतिबद्धता का संकेतक बताया। उन्होंने सांसदों से अपेक्षा व्यक्त की कि वे अधिनियम के समयबद्ध क्रियान्वयन के लिए विचार-विमर्श में सक्रिय योगदान दें।

विधायकों को प्रेषित संदेश में महिलाओं की निर्णयात्मक भूमिकाओं में भागीदारी को शासन प्रणाली के सुदृढ़ीकरण के लिए आवश्यक बताया गया है। साथ ही इस विषय पर राज्य स्तर पर संवाद और नीति समर्थन की आवश्यकता पर बल दिया गया है।

महिला संगठनों को संबोधित करते हुए उन्हें परिवर्तन प्रक्रिया का सहभागी बताते हुए महिला आरक्षण के समर्थन में संगठित प्रयासों की अपेक्षा की गई है।

पत्र में ‘महतारी गौरव वर्ष’ के संदर्भ में राज्य सरकार की विभिन्न योजनाओं का उल्लेख करते हुए महिला सशक्तीकरण को नीति प्राथमिकता के रूप में प्रस्तुत किया गया है। सभी संबंधित पक्षों से समन्वित दृष्टिकोण अपनाने की अपील की गई है।

Share This Article
Leave a comment