Dadi Ki Shaadi एक फैमिली ड्रामा फिल्म है, जो रिश्तों में बढ़ती दूरियां, माता-पिता का अकेलापन और परिवार की अहमियत जैसे संवेदनशील मुद्दों को सामने लाने की कोशिश करती है। फिल्म में Neetu Kapoor, Kapil Sharma और R. Sarathkumar अहम भूमिकाओं में नजर आते हैं। कहानी का मूल विचार मजबूत है, लेकिन जरूरत से ज्यादा ड्रामा और ट्विस्ट फिल्म को कमजोर बना देते हैं।
कहानी: एक छोटी गलती से बदल जाती है पूरे परिवार की जिंदगी
फिल्म की कहानी टोनी कालरा के इर्द-गिर्द शुरू होती है, जिसका किरदार Kapil Sharma निभाते हैं। शादी के लिए परेशान टोनी को अचानक अपना पुराना प्यार वापस मिलता है, लेकिन सगाई के दौरान एक खुलासा पूरी कहानी को नया मोड़ दे देता है।
असल कहानी विमला की है, जिन्हें Neetu Kapoor ने निभाया है। शिमला में अकेली रहने वाली विमला अपने बच्चों से भावनात्मक दूरी महसूस करती हैं। तभी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर हुई एक टाइपिंग मिस्टेक पूरे परिवार को अचानक घर वापस ले आती है। इसके बाद फिल्म झूठ, इमोशनल ब्लैकमेल और फैमिली ड्रामे के साथ आगे बढ़ती है।
फिल्म शुरुआत में दर्शकों की दिलचस्पी बनाए रखती है, लेकिन धीरे-धीरे कहानी जरूरत से ज्यादा उलझती चली जाती है। हर कुछ मिनट में नया ट्विस्ट आने से इमोशनल असर कमजोर पड़ने लगता है।
अभिनय: नीतू कपूर ने दिखाई सहजता, कपिल शर्मा नहीं छोड़ पाए खास असर
Neetu Kapoor ने अपने किरदार को काफी सहजता से निभाया है। अकेलेपन और परिवार को साथ रखने की चाह को उन्होंने स्क्रीन पर अच्छे तरीके से दिखाया है। उनके कुछ दृश्य दर्शकों को भावुक करने में सफल रहते हैं।
वहीं Kapil Sharma अपनी कॉमिक इमेज से बाहर निकलने की कोशिश करते दिखते हैं, लेकिन इमोशनल सीन में उनका अभिनय औसत लगता है। उनकी कॉमेडी टाइमिंग अच्छी है, लेकिन फिल्म उन्हें ज्यादा चमकने का मौका नहीं देती।
R. Sarathkumar अपने सीमित स्क्रीन टाइम में प्रभाव छोड़ते हैं और फिल्म में गंभीरता जोड़ने का काम करते हैं।
निर्देशन और स्क्रीनप्ले: कहानी से ज्यादा ड्रामे पर फोकस
निर्देशक Ashish R Mohan ने फिल्म को फैमिली एंटरटेनर बनाने की कोशिश की है, लेकिन स्क्रीनप्ले बार-बार कहानी की लय बिगाड़ देता है। ऐसा महसूस होता है कि हर सीन में नया ट्विस्ट जोड़ने की जल्दबाजी की गई हो।
फिल्म के कई इमोशनल सीन असर छोड़ सकते थे, लेकिन ओवरड्रामैटिक ट्रीटमेंट उन्हें कमजोर बना देता है। यही वजह है कि दर्शक कहानी से पूरी तरह जुड़ नहीं पाते।
सिनेमैटोग्राफी और संगीत
Shimla की खूबसूरत लोकेशंस फिल्म की सबसे मजबूत कड़ी हैं। कैमरा वर्क कई जगह शानदार नजर आता है और विजुअल्स कहानी की कमजोरियों को कुछ हद तक संभाल लेते हैं।
हालांकि फिल्म का संगीत ज्यादा प्रभाव नहीं छोड़ता। गाने और बैकग्राउंड स्कोर कहानी को यादगार बनाने में सफल नहीं हो पाते।
देखें या नहीं?
अगर आप हल्का-फुल्का फैमिली ड्रामा और खूबसूरत लोकेशंस देखना पसंद करते हैं, तो Dadi Ki Shaadi को एक बार देखा जा सकता है। लेकिन अगर आप ऐसी फिल्म की उम्मीद कर रहे हैं जो गहराई से भावनात्मक जुड़ाव पैदा करे, तो यह फिल्म थोड़ी निराश कर सकती है।

