छत्तीसगढ़ की सभी ग्राम पंचायतों में 24 जून को आयोजित होने वाली ग्राम सभाएं पंचायत विकास के लिए महत्वपूर्ण मंच साबित होंगी। इन बैठकों में विभिन्न योजनाओं की प्रगति, पंचायतों की वित्तीय स्थिति और स्थानीय विकास कार्यों की समीक्षा की जाएगी। ग्रामीणों को अपनी समस्याएं और सुझाव रखने का अवसर मिलेगा, जिससे योजनाओं का बेहतर क्रियान्वयन सुनिश्चित हो सकेगा।
आवास और बुनियादी सुविधाओं पर चर्चा
पंचायत विकास के अंतर्गत आवास प्लस 2.0 की स्थायी प्रतीक्षा सूची पर चर्चा की जाएगी। पात्र हितग्राहियों की प्राथमिकता तय करने के साथ-साथ दावे और आपत्तियों का निराकरण भी होगा। यह प्रक्रिया ग्रामीण क्षेत्रों में आवास सुविधाओं के विस्तार और पारदर्शी चयन व्यवस्था को मजबूत बनाएगी।
रोजगार योजनाओं की जानकारी दी जाएगी
ग्राम सभा में पंचायत विकास के साथ रोजगार और आजीविका कार्यक्रमों पर भी विशेष चर्चा होगी। ग्रामीणों को विकसित भारत रोजगार एवं आजीविका मिशन ग्रामीण के लाभ, रोजगार अवधि बढ़ाने के प्रावधान और समय पर मजदूरी भुगतान की व्यवस्था की जानकारी दी जाएगी। इससे ग्रामीण परिवारों को आर्थिक अवसरों के बारे में जागरूकता मिलेगी।
पंचायतों के आय-व्यय का होगा मूल्यांकन
बैठक में पंचायत विकास से जुड़े वित्तीय मामलों पर भी चर्चा होगी। पंचायतों की आय-व्यय रिपोर्ट प्रस्तुत की जाएगी तथा पूर्व बैठकों में लिए गए निर्णयों की समीक्षा की जाएगी। इससे ग्रामीणों को पंचायत प्रशासन की कार्यप्रणाली को समझने और उसकी निगरानी करने का अवसर मिलेगा।
जनसहभागिता से मजबूत होगा लोकतंत्र
पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग ने ग्रामीणों से अधिक से अधिक संख्या में भाग लेने की अपील की है। पंचायत विकास की दिशा में जनभागीदारी को सबसे महत्वपूर्ण माना गया है। ग्राम सभा में पंचायत उन्नति सूचकांक 2.0 के परिणाम भी साझा किए जाएंगे, जिससे ग्रामीण अपने गांव के विकास की स्थिति का आकलन कर सकेंगे।

