राज्य सरकार की नई औद्योगिक नीति का सकारात्मक असर अब दिखाई देने लगा है। टेक्सटाइल और रेडीमेड गारमेंट्स को थ्रस्ट सेक्टर घोषित किए जाने के बाद कई निवेशकों ने छत्तीसगढ़ में रुचि दिखाई है। नवा रायपुर के टेक्सटाइल पार्क में पहली यूनिट का भूमिपूजन इसी दिशा में महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है।
रोजगार आधारित उद्योगों को प्राथमिकता
नई औद्योगिक नीति में रोजगार सृजन को प्रमुख आधार बनाया गया है। सरकार द्वारा महिला कर्मचारियों के लिए 6 हजार और पुरुष कर्मचारियों के लिए 5 हजार रुपये प्रतिमाह तक रोजगार सहायता देने का प्रावधान किया गया है। इससे श्रम आधारित उद्योगों को बढ़ावा मिल रहा है और निवेशकों का भरोसा मजबूत हुआ है।
टेक्सटाइल सेक्टर में बढ़ रहा निवेश
विशेषज्ञों के अनुसार औद्योगिक नीति लागू होने के बाद टेक्सटाइल सेक्टर में निवेश की रफ्तार तेज हुई है। स्विफ्ट टेक्सटाइल्स सहित कई कंपनियों ने राज्य में निवेश की योजना बनाई है। इससे प्रदेश में औद्योगिक गतिविधियां बढ़ेंगी और युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर उपलब्ध होंगे।
8 लाख करोड़ के निवेश प्रस्ताव
सरकार के आंकड़ों के अनुसार नई औद्योगिक नीति लागू होने के बाद पिछले 18 महीनों में 8 लाख करोड़ रुपये से अधिक के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। इन परियोजनाओं से लगभग 1.6 लाख रोजगार अवसर सृजित होने की संभावना है। यह राज्य के औद्योगिक विकास के लिए सकारात्मक संकेत माना जा रहा है।
उद्योगों के लिए पसंदीदा गंतव्य बन रहा राज्य
नई औद्योगिक नीति के चलते छत्तीसगढ़ टेक्सटाइल, डेटा सेंटर, आईटी, फार्मास्यूटिकल्स और इलेक्ट्रॉनिक्स निर्माण जैसे क्षेत्रों में तेजी से निवेश आकर्षित कर रहा है। बेहतर अधोसंरचना और निवेश अनुकूल माहौल के कारण राज्य देश के उभरते औद्योगिक केंद्रों में शामिल होता जा रहा है।

