लोक निर्माण विभाग के सचिव मुकेश कुमार बंसल ने समीक्षा बैठक की। रेलवे पुल परियोजनाएं समय पर पूरी करने पर विस्तार से चर्चा हुई। बैठक मंत्रालय में आयोजित हुई।
बैठक में रेलवे और लोक निर्माण विभाग के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए। बेहतर समन्वय के साथ काम करने के निर्देश दिए गए।
मुख्य बातें
- रेलवे पुल परियोजनाओं की समीक्षा हुई।
- निर्माण कार्यों में तेजी लाने के निर्देश मिले।
- लंबित परियोजनाएं जल्द शुरू होंगी।
- भूमि और अतिक्रमण संबंधी बाधाएं हटेंगी।
- यूटिलिटी शिफ्टिंग का काम तेज होगा।
- हर तीन महीने में प्रगति की समीक्षा होगी।
रेलवे पुल परियोजनाएं पूरी करने पर जोर
सचिव ने कहा कि किसी भी परियोजना में अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए। इसलिए सभी विभाग समन्वय के साथ काम करें।
उन्होंने कार्यस्थलों की बाधाएं तुरंत दूर करने के निर्देश दिए। साथ ही अप्रारंभ परियोजनाओं को जल्द शुरू करने को कहा।
भूमि व्यपवर्तन, नामांतरण और भू-अर्जन की प्रक्रिया समयबद्ध पूरी होगी। इससे निर्माण कार्यों की गति बढ़ेगी।
रेलवे पुल परियोजनाएं रहेंगी निगरानी में
रेलवे पुल परियोजनाएं नियमित मॉनिटरिंग के दायरे में रहेंगी।
जरूरत वाले स्थानों पर संयुक्त निरीक्षण किए जाएंगे। ड्राइंग और डिजाइन की प्रक्रिया भी तेजी से पूरी होगी।
लोगों को मिलेगा बेहतर आवागमन
सचिव ने कहा कि परियोजनाएं पूरी होने से रेलवे फाटकों पर जाम कम होगा। लोगों को सुरक्षित और तेज आवागमन मिलेगा।
इसके अलावा माल परिवहन भी अधिक सुगम बनेगा। इससे व्यापारिक गतिविधियों को भी लाभ मिलेगा।
उन्होंने यूटिलिटी शिफ्टिंग के कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए। देरी होने पर संबंधित एजेंसियों को तुरंत कार्रवाई करनी होगी।
समयबद्ध निर्माण पर रहेगा फोकस
सचिव ने कहा कि रेलवे पुल परियोजनाएं राज्य की महत्वपूर्ण विकास योजनाओं में शामिल हैं। इसलिए सभी लंबित मामलों का समय पर समाधान किया जाए।
उन्होंने अधिकारियों को हर तीन महीने में समीक्षा बैठक करने के निर्देश दिए। इससे निर्माण कार्यों की प्रगति लगातार मॉनिटर की जाएगी।

