दिल्ली में जारी Jantar Mantar Protest के बीच सोनम वांगचुक को लेकर बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। दिल्ली हाईकोर्ट ने उन्हें सफदरजंग अस्पताल से मेदांता अस्पताल स्थानांतरित करने का निर्देश दिया है। वहीं, जंतर-मंतर पर प्रदर्शन एक बार फिर शुरू हो गया है। राहुल गांधी और प्रियंका गांधी ने भी घायल प्रदर्शनकारियों से मुलाकात की।
Jantar Mantar Protest के बीच हाईकोर्ट का बड़ा फैसला
दिल्ली हाईकोर्ट ने सुनवाई के दौरान सोनम वांगचुक को मेदांता अस्पताल भेजने का आदेश दिया। अदालत ने कहा कि उनके सभी मेडिकल रिकॉर्ड भी नए अस्पताल को सौंपे जाएं। इसके अलावा, मेदांता अस्पताल में विशेषज्ञ डॉक्टरों का एक पैनल बनाकर इलाज जारी रखने के निर्देश दिए गए हैं।
केंद्र सरकार की ओर से पेश सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा कि अस्पताल बदलने पर कोई आपत्ति नहीं है। हालांकि, उन्होंने आग्रह किया कि डॉक्टरों की सलाह के बिना सोनम वांगचुक को डिस्चार्ज नहीं किया जाए।
मुख्य बातें
- हाईकोर्ट ने मेदांता अस्पताल शिफ्ट करने का आदेश दिया।
- मेडिकल रिकॉर्ड भी नए अस्पताल को सौंपे जाएंगे।
- राहुल गांधी और प्रियंका गांधी ने घायलों से मुलाकात की।
- जंतर-मंतर पर प्रदर्शन फिर शुरू हुआ।
- विपक्ष ने सरकार की कार्रवाई पर सवाल उठाए।
Jantar Mantar Protest को लेकर विपक्ष ने क्या कहा?
कांग्रेस सांसद दीपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा कि सरकार को छात्रों से बातचीत करनी चाहिए थी। उन्होंने शिक्षा व्यवस्था और परीक्षा प्रणाली पर संसद में व्यापक चर्चा की मांग दोहराई।
वहीं, एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि लंबे समय से चल रहे विरोध के बावजूद सरकार ने संवाद की पहल नहीं की। साथ ही, कांग्रेस नेता भूपेश बघेल ने आरोप लगाया कि एक महीने से प्रदर्शन कर रहे छात्रों की मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया।
प्रदर्शन स्थल पर फिर बढ़ी हलचल
सोमवार को पुलिस कार्रवाई के बाद जंतर-मंतर खाली करा दिया गया था। हालांकि, देर रात प्रदर्शनकारी दोबारा वहां पहुंच गए। सीजेपी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने कहा कि अब सरकार से बातचीत नहीं होगी। उन्होंने कहा कि जो भी चर्चा करना चाहता है, उसे जंतर-मंतर आना होगा।
Jantar Mantar Protest के दौरान घायल हुए कई छात्र भी फिर से आंदोलन में शामिल हो गए। उनका कहना है कि मांगें पूरी होने तक प्रदर्शन जारी रहेगा।
एक नजर में
- सोनम वांगचुक को मेदांता भेजने का निर्देश।
- विशेषज्ञ डॉक्टरों की निगरानी में होगा इलाज।
- राहुल गांधी और प्रियंका ने घायलों से मुलाकात की।
- प्रदर्शनकारी फिर जंतर-मंतर पर जुटे।
- विपक्ष ने सरकार की भूमिका पर सवाल उठाए।
क्या है पूरा मामला?
सीजेपी के संसद मार्च के दौरान हुए प्रदर्शन के बाद दिल्ली में तनाव का माहौल बना हुआ है। पुलिस कार्रवाई को लेकर विपक्ष लगातार सरकार को घेर रहा है। इसी बीच, सोनम वांगचुक की पत्नी ने उन्हें निजी अस्पताल में स्थानांतरित करने के लिए अदालत का रुख किया था।
अब Jantar Mantar Protest के बीच हाईकोर्ट ने मेदांता अस्पताल में स्थानांतरण की अनुमति दे दी है। अदालत ने यह भी सुनिश्चित किया कि उनका इलाज विशेषज्ञ डॉक्टरों की निगरानी में जारी रहेगा। वहीं, प्रदर्शन और राजनीतिक बयानबाजी के कारण यह मामला लगातार सुर्खियों में बना हुआ है।

