छत्तीसगढ़ के गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले में खनिज विभाग ने जांच अभियान तेज किया है। विभागीय टीम ने अलग-अलग क्षेत्रों में कार्रवाई करते हुए छह ट्रैक्टर जब्त किए। इन वाहनों में रेत और पत्थर का परिवहन किया जा रहा था। प्रशासन का उद्देश्य खनिज संसाधनों के अवैध इस्तेमाल पर रोक लगाना है।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य शासन अवैध खनिज गतिविधियों पर निगरानी रख रहा है। इसी क्रम में कलेक्टर विजय दयाराम के. के निर्देश पर जिले में नियमित जांच की जा रही है।
अवैध खनिज परिवहन के मामलों में तीन क्षेत्रों में कार्रवाई
खनिज विभाग के अनुसार, बस्ती-बगरा क्षेत्र में रेत से भरे चार ट्रैक्टर जब्त किए गए। इन वाहनों को सुरक्षा के लिए कोडगार चौकी में रखा गया है।
वहीं, सारबहरा क्षेत्र में पत्थर से लदा एक ट्रैक्टर पकड़ा गया। अंडी क्षेत्र में रेत से भरा एक अन्य ट्रैक्टर भी जब्त किया गया। इन दोनों वाहनों को अमरपुर पुलिस लाइन में सुरक्षित रखा गया है।
इस अभियान में कुल छह ट्रैक्टरों पर कार्रवाई की गई। विभाग ने संबंधित मामलों में आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है।
अवैध खनिज परिवहन पर वाहन मालिकों के खिलाफ कार्रवाई
खनिज विभाग संबंधित वाहन मालिकों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई कर रहा है। इन मामलों में खान और खनिज (विकास और विनियमन) अधिनियम के प्रावधान लागू होंगे।
निर्धारित अर्थदंड या समझौता राशि खनिज मद में जमा होने के बाद ही नियमानुसार वाहन मुक्त किए जाएंगे। इस प्रक्रिया का उद्देश्य खनिज नियमों का पालन सुनिश्चित करना है।
कलेक्टर ने सख्त निगरानी के दिए निर्देश
कलेक्टर विजय दयाराम के. ने खनिज विभाग को जांच अभियान नियमित रूप से चलाने को कहा है। उन्होंने अवैध उत्खनन, परिवहन और भंडारण के मामलों में तत्परता से कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।
इसके अलावा, विभागीय टीम को क्षेत्र में सतत निगरानी रखने को कहा गया है। प्रशासन शिकायतों के आधार पर भी मामलों की जांच कर रहा है।
सीएम हेल्पलाइन की शिकायतों का होगा समयबद्ध निराकरण
कलेक्टर ने सीएम हेल्पलाइन के माध्यम से मिलने वाली शिकायतों को गंभीरता से लेने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने प्रत्येक शिकायत की गुणवत्तापूर्ण जांच सुनिश्चित करने पर जोर दिया है।
साथ ही, शिकायतों का समयबद्ध निराकरण करने को कहा गया है। प्रशासन का लक्ष्य अवैध खनिज गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण बनाए रखना है।

