कोरबा और कटघोरा वन मंडल में हाथियों के झुंड का आतंक लगातार बढ़ता जा रहा है। करतला, बालको नगर और एतमानगर रेंज में सक्रिय हाथियों ने बीते दिनों कई गांवों की फसलों को भारी नुकसान पहुंचाया, जिससे किसानों में गहरी चिंता है।
बालको रेंज में 12 हाथियों का दल सरईपाली और सोनगुड़ा गांव में कई किसानों की खेतों को पूरी तरह रौंद चुका है। वहीं, करतला रेंज के हाथी बोड़ाझाप से आगे बढ़ते हुए सेंद्रीपाली जंगल में डेरा डाल चुके हैं। गांवों की ओर बढ़ने के दौरान हाथियों ने धान की फसल को व्यापक नुकसान पहुंचाया, जिसका आंकलन वन विभाग द्वारा किया जा रहा है।
सबसे चिंताजनक स्थिति कटघोरा वनमंडल के एतमानगर रेंज में देखने को मिल रही है, जहां 53 हाथियों का विशाल झुंड पचरा क्षेत्र में मौजूद है। रात के समय हाथी गांव के करीब पहुंच जाते हैं, फसलों को तहस-नहस करते हैं और फिर वापस जंगल लौट जाते हैं। इस वजह से ग्रामीणों को रातभर जागकर आग जलाकर पहरा देना पड़ रहा है।
ग्रामीणों का आरोप है कि इतनी गंभीर स्थिति के बावजूद वन विभाग की ओर से आवश्यक कदम नहीं उठाए जा रहे। उनका कहना है कि उन्हें अपनी सुरक्षा और अपनी फसलों की रक्षा खुद ही करनी पड़ रही है। हाथियों की बढ़ती गतिविधियों से क्षेत्र में दहशत का माहौल है और किसान परिवार भारी आर्थिक नुकसान से परेशान हैं।
