गुजरात ने शुक्रवार को अपना 66वां स्थापना दिवस उत्साह और गर्व के साथ मनाया। इस अवसर पर मुख्य राज्य स्तरीय समारोह Surat में आयोजित किया गया, जहां राज्यपाल, मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री सहित कई प्रमुख जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति रही। वर्ष 1960 में भाषाई आधार पर मुंबई राज्य के विभाजन के बाद गुजरात का गठन हुआ था, जिसकी स्मृति में हर साल यह दिवस मनाया जाता है।
इस मौके पर Droupadi Murmu, Narendra Modi, Amit Shah और Nitin Nabin सहित कई नेताओं ने राज्यवासियों को शुभकामनाएं दीं। राष्ट्रपति मुर्मू ने गुजरात को स्वामी दयानंद सरस्वती, महात्मा गांधी और सरदार वल्लभभाई पटेल की जन्मभूमि बताते हुए इसके ऐतिहासिक और सांस्कृतिक महत्व को रेखांकित किया। वहीं प्रधानमंत्री मोदी ने गुजरात की प्रगति और उद्यमशीलता की भावना को देश के विकास का महत्वपूर्ण आधार बताया।
सूरत में आयोजित कार्यक्रमों के तहत एक भव्य मार्च निकाला गया, जिसमें राज्यपाल आचार्य देवव्रत, मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल और उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी ने भाग लिया। पुलिस बल की परेड, सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ और मोटरसाइकिल स्टंट इस आयोजन के प्रमुख आकर्षण रहे।
स्थापना दिवस के अवसर पर शहर के प्रमुख भवनों को आकर्षक रोशनी से सजाया गया। इसी के साथ वाइब्रेंट गुजरात क्षेत्रीय सम्मेलन के तीसरे संस्करण की भी शुरुआत हुई, जिसमें उद्योग, MSME और क्षेत्रीय विकास जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की जा रही है।
गुजरात स्थापना दिवस राज्य की समृद्ध विरासत, सांस्कृतिक विविधता और आर्थिक प्रगति का प्रतीक है, जो देश के विकास में इसकी महत्वपूर्ण भूमिका को दर्शाता है।

