नकली नोट मामले में बड़ा खुलासा, DRI ने की छापेमारी
राजधानी रायपुर में Raipur नकली नोट नेटवर्क को लेकर डायरेक्टोरेट ऑफ रेवेन्यू इंटेलिजेंस (DRI) ने बड़ी कार्रवाई की है। रिंग रोड स्थित एक ट्रैवल्स ऑफिस में छापा मारकर अधिकारियों ने संदिग्ध नकदी से भरे तीन बोरे बरामद किए। यह कार्रवाई इस बात का संकेत देती है कि Raipur नकली नोट का नेटवर्क लंबे समय से सक्रिय था और बड़े स्तर पर काम कर रहा था।
ट्रैवल नेटवर्क के जरिए सप्लाई, कोलकाता से Delhi तक लिंक
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि Raipur नकली नोट सप्लाई के लिए ट्रैवल कंपनी का इस्तेमाल किया जा रहा था। जब्त किए गए बोरों में 10, 20 और 50 रुपये के नोट शामिल हैं, जिन्हें एक राज्य से दूसरे राज्य भेजा जा रहा था।
सूत्रों के मुताबिक, यह खेप पश्चिम बंगाल के कोलकाता से दिल्ली भेजी जा रही थी। बस सेवा के माध्यम से संचालित यह नेटवर्क Raipur नकली नोट गिरोह के संगठित होने की ओर इशारा करता है।
मुख्य आरोपियों की पहचान, जांच एजेंसियों की नजर पूरे नेटवर्क पर
जांच एजेंसियों को मिली जानकारी के अनुसार, कोलकाता से उदय सिंह बिस्वाल ने इन बोरों को भेजा था, जिन्हें दिल्ली में कमल किशोर गुप्ता तक पहुंचाया जाना था। हालांकि, DRI ने समय रहते कार्रवाई कर Raipur नकली नोट की इस खेप को बीच रास्ते में ही जब्त कर लिया।
फिलहाल जब्त नोटों की जांच जारी है, ताकि यह साफ हो सके कि ये पूरी तरह नकली हैं या किसी अन्य अवैध गतिविधि से जुड़े हैं। एजेंसी अब Raipur नकली नोट नेटवर्क के अन्य सदस्यों और कनेक्शनों की तलाश में जुटी है, जिससे आने वाले दिनों में और बड़े खुलासे हो सकते हैं।

