यूनिसेफ छत्तीसगढ़ के सहयोग से राज्य सरकार मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को और मजबूत बनाने की तैयारी कर रही है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने मंत्रालय महानदी भवन में यूनिसेफ की भारत प्रतिनिधि सुश्री सिंथिया मैककैफ्रे से मुलाकात की। बैठक में कुपोषण, मातृ स्वास्थ्य और बच्चों के समग्र विकास पर विस्तार से चर्चा हुई।
मुख्यमंत्री ने कहा कि विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण के लिए स्वस्थ माताएं और स्वस्थ बच्चे सबसे महत्वपूर्ण आधार हैं। इसलिए सभी विभागों के बीच बेहतर समन्वय आवश्यक है।
यूनिसेफ छत्तीसगढ़ के सहयोग से बनेगी नई कार्ययोजना
मुख्यमंत्री ने स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, महिला एवं बाल विकास, पंचायत एवं ग्रामीण विकास तथा आदिम जाति विकास विभाग को संयुक्त रूप से कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि यूनिसेफ के तकनीकी सहयोग से परिणाम आधारित कार्ययोजना तैयार की जाएगी।
इस रणनीति का उद्देश्य मातृ मृत्यु दर, शिशु मृत्यु दर और कुपोषण में प्रभावी कमी लाना है।
साझा प्रयास से मिलेगा बेहतर परिणाम
मुख्यमंत्री ने कहा कि योजनाओं की सफलता विभागों के समन्वय पर निर्भर करती है। यदि सभी विभाग साझा लक्ष्य के साथ काम करेंगे, तो स्वास्थ्य और पोषण योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक आसानी से पहुंचेगा।
उन्होंने अधिकारियों से प्रभावी निगरानी और नियमित समीक्षा सुनिश्चित करने को भी कहा।
मुख्य अपडेट
- मुख्यमंत्री ने यूनिसेफ प्रतिनिधि से की मुलाकात।
- मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य पर हुई विस्तृत चर्चा।
- विभागों के समन्वय से बनेगी नई रणनीति।
- कुपोषण और मृत्यु दर कम करने पर रहेगा फोकस।
- यूनिसेफ देगा तकनीकी मार्गदर्शन।
यूनिसेफ ने सहयोग जारी रखने का भरोसा दिया
सुश्री सिंथिया मैककैफ्रे ने कहा कि यूनिसेफ कई वर्षों से छत्तीसगढ़ में स्वास्थ्य, पोषण और बाल संरक्षण के क्षेत्र में कार्य कर रहा है। उन्होंने विश्वास जताया कि राज्य सरकार के साथ मिलकर बच्चों के जीवन स्तर में सकारात्मक बदलाव लाया जा सकेगा।
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने यूनिसेफ प्रतिनिधि का शॉल और ‘नंदी’ स्मृति चिन्ह भेंट कर स्वागत किया। वहीं यूनिसेफ की ओर से 75 वर्ष पूरे होने पर जारी विशेष डाक टिकट मुख्यमंत्री को भेंट किया गया।
बैठक में ये अधिकारी रहे शामिल
बैठक में मुख्य सचिव श्री विकास शील, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव श्री सुबोध कुमार सिंह, यूनिसेफ छत्तीसगढ़ प्रमुख सुश्री सीमा कुमार, श्री अनिल गुलाटी, डॉ. बाल पारितोष दास तथा अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
मुख्य बातें
- यूनिसेफ और राज्य सरकार का संयुक्त प्रयास।
- मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य को मिलेगी प्राथमिकता।
- कुपोषण उन्मूलन पर बनेगी प्रभावी रणनीति।
- विभागों के समन्वय पर रहेगा विशेष जोर।
- बच्चों के समग्र विकास के लिए तैयार होगी कार्ययोजना।

