रायपुर में आयोजित सेवा संकल्प कॉन्क्लेव में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय शामिल हुए। यह कार्यक्रम 9 अक्टूबर 2026 को आयोजित किया गया। इसमें उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 25 वर्षों के जनसेवा अनुभव का उल्लेख किया। साथ ही, राज्य सरकार की प्राथमिकताओं और भविष्य की योजनाओं पर बात रखी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत को 2047 तक विकसित राष्ट्र बनाने का लक्ष्य है। इस राष्ट्रीय संकल्प में छत्तीसगढ़ भी अहम भूमिका निभाएगा। उन्होंने सुशासन, पारदर्शिता और जनकल्याण को राज्य की प्रगति का आधार बताया।
बस्तर में खुल रहे विकास के नए अवसर
मुख्यमंत्री ने कहा कि नक्सलवाद लंबे समय तक बस्तर की प्रगति में बाधा रहा। अब प्रभावित क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है। सड़क, बिजली, मोबाइल नेटवर्क, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं पर काम हो रहा है।
सरकार का उद्देश्य बस्तर में शांति और विश्वास मजबूत करना है। इसके साथ ही, स्थानीय लोगों को रोजगार और विकास के अवसर उपलब्ध कराना भी प्राथमिकता है। राज्य के खनिज संसाधनों का बेहतर उपयोग करके औद्योगिक गतिविधियों को बढ़ावा देने की बात भी कही गई।
महतारी वंदन योजना से महिलाओं को सहायता
मुख्यमंत्री ने महिला सशक्तीकरण को सरकार की महत्वपूर्ण प्राथमिकता बताया। महतारी वंदन योजना के तहत पात्र महिलाओं को प्रतिमाह एक हजार रुपये दिए जाते हैं। मुख्यमंत्री के अनुसार, योजना की 32वीं किस्त दुर्ग से जारी की गई।
उन्होंने बताया कि महिलाएं इस राशि का उपयोग घरेलू जरूरतों और बच्चों की शिक्षा में कर रही हैं। कुछ महिलाएं बचत और स्वरोजगार के लिए भी राशि का इस्तेमाल करती हैं। इससे महिलाओं की आर्थिक भागीदारी को बढ़ावा मिल रहा है।
किसानों और गरीब परिवारों के लिए योजनाएं
राज्य सरकार किसानों की आय बढ़ाने और गरीब परिवारों को आवास देने पर जोर दे रही है। मुख्यमंत्री ने कृषि और आवास से जुड़ी पहलों का भी उल्लेख किया।
- किसानों से प्रति एकड़ 21 क्विंटल तक धान खरीदा जा रहा है। धान खरीदी की दर 3,100 रुपये प्रति क्विंटल बताई गई है।
- किसानों को दो वर्षों का लंबित बोनस दिया गया है। सिंचाई सुविधाओं के विस्तार के लिए 11 हजार करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाएं स्वीकृत हुई हैं।
- सहकारी बैंकों के माध्यम से किसानों को शून्य प्रतिशत ब्याज पर कृषि ऋण दिया जा रहा है।
- सरकार ने पहली कैबिनेट बैठक में 18 लाख प्रधानमंत्री आवास स्वीकृत करने का निर्णय लिया था। मुख्यमंत्री के अनुसार, प्रतिदिन लगभग 1,600 आवास बनाए जा रहे हैं।
सुशासन और पारदर्शिता से आर्थिक प्रगति
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य में खनिज राजस्व बढ़ाने के लिए डिजिटलीकरण को बढ़ावा दिया जा रहा है। शासन की प्रक्रियाओं को सरल और पारदर्शी बनाने पर भी काम हो रहा है। सरकार उद्योग, रोजगार और आर्थिक गतिविधियों का विस्तार करना चाहती है।
उन्होंने गरीबों, किसानों, महिलाओं, युवाओं और वंचित वर्गों के कल्याण को प्राथमिकता बताया। छत्तीसगढ़ का विकास राज्य के प्राकृतिक संसाधनों, बेहतर प्रशासन और जनकल्याणकारी योजनाओं से जुड़ा है। सरकार का लक्ष्य प्रदेश को आत्मनिर्भर और समृद्ध बनाना है।
कॉन्क्लेव में प्रतिभाओं का हुआ सम्मान
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने एशियन गेम्स की स्वर्ण पदक विजेता संजू देवी सहित विभिन्न क्षेत्रों की प्रतिभाओं को सम्मानित किया। उन्होंने सम्मानित व्यक्तियों की उपलब्धियों की सराहना की। इस अवसर पर कौशल विकास मंत्री गुरु खुशवंत साहेब, जनप्रतिनिधि और अन्य विशिष्टजन उपस्थित रहे।
राज्य की प्रमुख विकास प्राथमिकताएं
- बस्तर में सड़क, बिजली, शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार।
- महिलाओं को आर्थिक सहायता और स्वरोजगार के अवसर।
- किसानों की आय और सिंचाई सुविधाओं को मजबूत करना।
- पात्र गरीब परिवारों को पक्के आवास उपलब्ध कराना।

