महादेव ऑनलाइन सट्टा नेटवर्क पर ED की दोहरी मार, 91 करोड़ की संपत्ति अटैच, खातों पर ताला

महादेव सट्टा केस: ED की कार्रवाई से मचा हड़कंप

CG DARSHAN
CG DARSHAN 2 Min Read
2 Min Read
Advertisement Carousel

छत्तीसगढ़ से जुड़े महादेव ऑनलाइन सट्टेबाजी नेटवर्क पर प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने एक बार फिर बड़ा एक्शन लिया है। धनशोधन निवारण अधिनियम (PMLA) के तहत की गई इस कार्रवाई में एजेंसी ने 91 करोड़ 82 लाख रुपये की चल-अचल संपत्तियों को अस्थायी रूप से अटैच किया है। इस कदम से देशभर में फैले ऑनलाइन सट्टा रैकेट में हड़कंप मच गया है।

जांच के दौरान ED को पता चला कि अवैध सट्टेबाजी से अर्जित धन को विदेशी कंपनियों और दुबई स्थित बैंक खातों के माध्यम से घुमाया गया। इन पैसों को वैध निवेश के रूप में दिखाने के लिए जटिल फाइनेंशियल ट्रांजैक्शन किए गए। इसी सिलसिले में दो कंपनियों के खातों में जमा लगभग 74 करोड़ रुपये फ्रीज किए गए हैं, जिनका संबंध महादेव ऐप के प्रमोटरों और उनके करीबी लोगों से जोड़ा जा रहा है।

इसके साथ ही ED ने गगन गुप्ता और उनके परिजनों से जुड़ी करीब 17.50 करोड़ रुपये की संपत्तियों को भी कुर्क किया है। जांच एजेंसी का कहना है कि ये संपत्तियां नकद में किए गए अवैध सट्टे से अर्जित राशि से खरीदी गई थीं। गगन गुप्ता को एक बड़े ऑनलाइन सट्टा प्लेटफॉर्म से जुड़े प्रभावशाली नेटवर्क का अहम कड़ी माना जा रहा है।

महादेव सट्टा मामले की जांच अब तेज रफ्तार पकड़ चुकी है। अब तक देश के विभिन्न राज्यों में 175 से अधिक ठिकानों पर छापेमारी हो चुकी है। इन छापों के दौरान बड़ी संख्या में डिजिटल डिवाइस, बैंक दस्तावेज और वित्तीय रिकॉर्ड बरामद हुए हैं, जो सट्टेबाजी और मनी लॉन्ड्रिंग के अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क की ओर इशारा करते हैं।

ED के अनुसार, इस मामले में अब तक 2,600 करोड़ रुपये से ज्यादा की संपत्तियां जब्त, सीज या अटैच की जा चुकी हैं। साथ ही, 13 लोगों की गिरफ्तारी, 74 कंपनियों को आरोपी और 5 अभियोजन शिकायतें दर्ज की जा चुकी हैं। एजेंसी ने साफ किया है कि जांच जारी है और आने वाले दिनों में और बड़े नामों पर कार्रवाई संभव है।

Share This Article
Leave a comment